शशी कुमार केसवानी

आईएएस अफसर साल भर लोगों की समस्या और विकास के कार्यो में उतने उलझे रहते है कि उन्हें दूसरी तरफ सोचने का अवसर ही नहीं मिलता। कई बार चाह कर भी परिवार को उस तरह समय नहीं दे पाते जिस तरह से आम आदमी अपने परिवार को समय देता है। समय का अभाव और काम की जिम्मेदारी के चलते मजबूरी हो जाती है। फिर भी पारिवारिक जिम्मेदारियों का किसी तरह से सभी समस्याओं को समय देकर सुलझा ही लेते है और बच्चों की शिक्षा और जीवन शैली पर बहुत बारिकी से अघ्ययन करके उनके जीवन को आसान बनाते है। हां ये बात अलग है कि कई बार चाह कर भी कई रिश्ते नहीं निभा पाते। काम का बोझ इस तरह से लदा रहता है कि अपनी समस्या हमेशा छोटी लगती है और देश प्रदेश की समस्याएं बड़ी नजर आती है जो हकीकत भी है। मैंने अपने जीवन में कई अफसरों को देखा है जो सुबह जल्दी आफिर जाकर देर रात तक काम करते है। और यही सोचते रहते है कि अगली पोस्टिंग में परिवार को पूरा समय दूंगा। पर ऐसा काम करने वालों के साथ में कभी नहीं हो पाता। काम करने वाला अफसर कहीं भी काम ढूंढकर अपनी जिम्मेदारियों का निर्णहन करता ही है। साल में केवल तीन दिन ऐसे रहते है सर्विस मीट के जिसमें कई अफसर पूरा समय देते है तो कुछ अफसर थोड़ा समय देकर अपनी जिम्मेदारी पर निकल जाते है। इस बार 2025 की सर्विस मीट में संस्था के अध्यक्ष मनु श्रीवास्तव ने एक शानदार आयोजन किया ही किया सारी व्यवस्थाएं शानदार थी। संस्था को एक परिवार को बनाए रखना अपने आप में एक सराहनीय कदम है। जिसकी प्रशंसा अनेको अधिकारियों ने की और हमें भी इस बात का अहसास हुआ कि एक एसोसिएशन का प्रोग्राम न होकर एक पारिवारिक आयोजन लगा। जिसके लिए हम संस्था के अध्यक्ष मनु श्रीवास्तव की प्रशंसा करते है।


मुख्यमंत्री ने कहा आपको लोग तो चेहरे देख कर समझ जाते हों कि क्या कहने वाले है? इसे कैसे चलाना है। इसके बाद आपके मुंह से ए प्लान, बी प्लान, सी प्लान, डी प्लान ऐसे सुनाई देते हैं कि कोई न कोई तो मान ही लिया जाएगा। भगवान करे ऐसे ही प्लान आते रहें और सही साबित होते रहें। इस मीट में सहायक कलेक्टर से लेकर मुख्य सचिव तक, साथ ही पूर्व आईएएस अधिकारी और उनके परिवारजन भी शामिल हैं। कायक्रम के दौरान अधिकारी प्रशासनिक जिम्मेदारियों से हटकर अपनी कला और प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगे। अरेरा क्लब में दिनभर और देर रात तक विभिन्न सांस्कृतिक और मनोरंजक कायक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।
सीएम बोले- लोकतंत्र को सफल बनाने अफसरों की बड़ी भूमिका : मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि जनता के हित में लिए गए निर्णयों का प्रभावी क्रियान्वयन आईएएस अधिकारी ही चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में करते हैं। अपने आप को दांव पर लगाकर कार्य करने की क्षमता अगर किसी में है, तो वह आईएएस अफसरों में है। उन्होंने कहा कि राजशाही के दौर के बाद आजादी के समय यह आशंका थी कि लोकतंत्र सफल हो पाएगा या नहीं, लेकिन आईएएस अधिकारियों ने लोकतंत्र को सफल बनाकर दिखाया है।
एसोसिएशन अध्यक्ष बोले- प्रतिस्पर्धा और उत्साह बढ़ेगा : आईएएस आफिसर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष और अपर मुख्य सचिव मनु श्रीवास्तव ने कहा कि सर्विस मीट में फील्ड में पदस्थ अफसरों की भागीदारी को प्रोत्साहित करने और उनके आपसी समन्वय को सुगम बनाने के लिए, आस-पास के संभागों में पदस्थ फील्ड अफसरों को एक समूह में रखा गया है। इस सर्विस मीट के लिए बनाए गए ग्रुप्स के बीच सांस्कृतिक रात्रि सहित विभिन्न कायक्रमों में प्रतिस्पर्धा होने से उत्साह और भी बढ़ जाएगा। आयोजन समिति के चेयरपर्सन प्रमुख सचिव पी नरहरि ने कहा है कि वर्ष 2010 में स्थापना के बाद से सर्विस मीट लगातार यादगार बन रही है। इससे एक परिवार के रूप में हमारे बंधन मजबूत हुए हैं, सहयोग को बढ़ावा मिला है, नई मित्रताएं बनी हैं और हमें संजोने लायक पल मिले हैं। भावपूर्ण संगीत, क्विज़ से लेकर जोशपूर्ण खेलों तक, हर एडिशन में सभी के लिए कुछ न कुछ रहा है।

आईएएस सर्विस मीट के दूसरे दिन भी दिखा उत्साह
कई आईएएस अफसर अनेक प्रतिभाओं के धनी होते है

भोपाल में आयोजित आईएएस सर्विस मीट के दूसरे दिन को भी अधिकारियों का उत्साह दिखाई दिया। सुबह बोट क्लब में बोट रेस का आयोजन किया गया। वहीं शाम को कुकिंग में भी सभी ने अपना हुनर दिखाया। बड़े तालाब में आयोजित बोट रेस में चार हाउस रेड, ब्लू, ग्रीन और यलो के अधिकारी और उनके परिजन कड़ाके की ठंड में उत्साह के साथ शामिल हुए। अधिकारियों ने फुटबॉल और क्रिकेट में हाथ आजमाया। 200 मीटर की दूरी वाली रेस में प्रत्येक टीम में तीन वयस्क पुरुष, एक अनुभवी खिलाड़ी, एक महिला और एक बच्चा शामिल थे, साथ ही चार सपोर्ट सदस्य एक गाइड और एक ड्रमर भी टीम के साथ थे। बोट रेस के दौरान डीजे की धुनों और गीत-संगीत ने माहौल को और रंगीन बना दिया। सुबह लहरों के बीच रेस और मौज-मस्ती के बाद अधिकारी अरेरा क्लब में दिनभर विभिन्न खेल प्रतियोगिताओं में भाग लिया। चारों हाउस के तहत कुकिंग प्रतियोगिता का भी आयोजन किया गया। अधिकारियों ने अलग-अलग व्यंजन तैयार किए। कुकिंग कॉम्पीटिशन में महिला और पुरुष आईएएस अधिकारियों के साथ उनके परिजनों ने भी शामिल होकर अपनी-अपनी टीम का उत्साह बढ़ाया।
दूसरी रेस में ब्लू टीम ने रेस जीती : आईएएस सर्विस मीट के दूसरे दिन पहले दो मुकाबलों के बाद अब ब्लू और ग्रीन टीम के बीच रेस शुरू हुई। कड़े मुकाबले में ब्लू टीम ने 52.33.01 सेकंड में रेस जीत ली, जबकि ग्रीन टीम 55.55.02 सेकंड के समय के साथ दूसरे स्थान पर रही।

18 किमी की साइकिलिंग रेस में प्रतिभागियों ने दिखाया दम,
पर्यावरण संरक्षण का दिया संदेश


राजधानी भोपाल में आईएएस सर्विस मीट के तीसरे दिन की शुरुआत 18 किमी के साइक्लोथॉन साइकिलिंग इवेंट से हुई, जिसमें प्रशासनिक अफसरों के साथ उनके परिजन भी शामिल हुए। साइकिलिंग रैली अरेरा क्लब से शुरू होकर सीएम हाउस, वन विहार नेशनल पार्क और सैर सपाटा होते हुए वापस आयोजन स्थल पर आकर संपन्न हुई। इस साइक्लोथॉन में अफसरों सहित कुल 40 प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया। सबसे कम उम्र की प्रतिभागी 11 वर्षीय अरण्य चौहान रहीं, जिनकी भागीदारी ने आयोजन को खास बना दिया। प्रतियोगिता में पारीकी पांडला अक्षर ने शानदार प्रदर्शन करते हुए मात्र 38 मिनट में रेस पूरी कर पहला स्थान हासिल किया।
अफसरों ने पुशअप्स लगाए : यह इस वर्ष के आईएएस सर्विस मीट साइकिलिंग इवेंट का सर्वश्रेष्ठ समय भी रहा। उनकी जीत का जश्न साथियों और अन्य अफसरों ने सम्मानस्वरूप पुश-अप्स लगाकर मनाया। दूसरे स्थान पर शिवराज सिंह वर्मा (एडिशनल कमिश्नर भोपाल) और अभय सिंह संयुक्त रूप से रहे, जिन्होंने 45 मिनट में रेस पूरी की। वहीं तीसरा स्थान ईशान सुमन सिंह को मिला, जिन्होंने 47 मिनट में रेस पूरी की। आयोजकों के अनुसार पिछले वर्ष की तुलना में इस बार प्रतिभागियों की संख्या और उत्साह दोनों अधिक रहे। खासतौर पर 11 साल की बच्ची की भागीदारी ने इस आयोजन को प्रेरणादायक बना दिया।
अवॉर्ड सेरेमनी : दिनभर अरेरा क्लब में खेल कूद प्रतियोगिताएं चलेंगी और शाम को अवॉर्ड सेरेमनी में अलग-अलग हाउस में जीतने वाले प्रतिभागियों को पुरस्कार दिया जाएगा। उल्लेखनीय है कि सर्विस मीट के पहले दिन आईएएस अधिकारियों और उनके परिजनों ने गीत-संगीत और डांस के जरिये अपनी कला का प्रदर्शन किया। साथ ही बोट क्लब में हुई रेस के दौरान आईएएस अफसरों ने हाथों से चप्पू चलाकर बड़े तालाब में मस्ती और धमाल मचाया। इसके अलावा पहले और दूसरे दिन लगातार खेल प्रतियोगिताएं भी हुईं। मुख्य सचिव अनुराग जैन भी इसमें शामिल हुए और क्रिकेट का आनंद लेते हुए शॉट मारे हैं।

Shashi Kumar Keswani

Editor in Chief, THE INFORMATIVE OBSERVER