TIO पटना

बिहार के कारोबारी गोपाल खेमका की हत्या से जुड़े एक संदिग्ध का पटना सिटी में मंगलवार तड़के 4 बजे एनकाउंटर कर दिया गया।

पुलिस उससे पूछताछ करने पहुंची थी। तभी उसने फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में वह मारा गया।

घटना की सूचना मिलने के बाद पटना सिटी SDPO-2, SP और SSP मौके पर पहुंचे। घटनास्थल से 1 पिस्टल, गोली और खोखा बरामद किया गया है।

विकास उर्फ राजा के शव को पोस्टमॉर्टम के लिए नालंदा मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल भेज दिया गया है।

विकास उर्फ राजा मालसलामी इलाके में रहता था। पुलिस सूत्रों ने बताया कि राजा ने ही शूटर उमेश यादव को हथियार दिया था।

पटना SSP कार्तिकेय शर्मा का कहना है कि उसका खेमका हत्याकांड मामले से सीधा कनेक्शन सामने नहीं आया है।

उस पर पहले से कई मामले दर्ज थे। कई हत्याओं में उसका नाम सामने आ चुका था। वह शूटर भी था।

सोमवार को शूटर उमेश उर्फ विजय को गिरफ्तार किया था

इससे पहले 8 जुलाई (सोमवार) को पुलिस ने शूटर उमेश उर्फ विजय को मालसलामी इलाके से ही गिरफ्तार किया था। उसने बताया कि 10 लाख में खेमका के मर्डर की सुपारी दी गई थी। एक लाख रुपए एडवांस मिला था। पुलिस ने गंगा किनारे के इलाके से हथियार भी बरामद कर लिया है। उमेश राय दिल्ली में विजय के नाम से रहता था।

SIT की टीम जब उमेश के घर पहुंची, तब वह बच्चे को लेने स्कूल गया था। इसी बीच पुलिस ने उसे दबोच लिया।

वह घर से कम ही निकल रहा था। उसके पास से पुलिस ने घटना में इस्तेमाल बाइक, इसके बाद घर से पिस्टल, 80 कारतूस, दो मोबाइल और एक लाख कैश बरामद किया गया है।

इसे गिरफ्तार करने के बाद पटना जंक्शन से भी पुलिस ने एक संदिग्ध को हिरासत में लिया। उमेश की निशानदेही पर गोपाल खेमका मर्डर केस में कोतवाली थाना इलाके के उदयगिरी अपार्टमेंट में पुलिस और STF ने रेड की है। यहां से 3 लोगों को हिरासत में लिया गया है।

 

MLC का करीबी है शूटर, बाइक का नंबर भी हटाया

सूत्रों का कहना है कि इस घटना से पहले ही उसने बाइक का नंबर हटा दिया था। CCTV के फुटेज काे पुलिस ने डेवलप किया तब उसकी पहचान हुई। पहचान हाेने के बाद उसका सुराग लगाने में पुलिस जुट गई। सूत्रों का कहना है कि उमेश एक MLC का भी करीबी है।

 

 

Shashi Kumar Keswani

Editor in Chief, THE INFORMATIVE OBSERVER