TIO पटना/नई दिल्ली

बिहार विधानसभा चुनाव में प्रचार के आखिरी 2 दिन बचे हैं। इसके बाद 6 नवंबर को पहले फेज की वोटिंग होगी। आज पीएम मोदी की कोसी सीमांचल में जनसभा होगी। PM मोदी दो जिलों के 30 NDA प्रत्याशियों के समर्थन में वोट मांगेंगे।

चुनाव के पहले चरण को लेकर भारत-नेपाल सीमा पर सुरक्षा के विशेष इंतजाम किए गए हैं। 3 से 7 नवंबर तक सीमा पूरी तरह सील रहेगी। इस दौरान दोनों देशों के बीच आवाजाही पर पूरी तरह बैन रहेगी।

भाजपा सांसद रवि किशन ने राहुल गांधी के मछली पकड़ने वाले वीडियो पर कहा है कि उनके हाथ जितनी मछली लगी हैं उससे कम ही वोट उन्हें मिलेंगे। हम वोट पकड़ रहे हैं, वो मछली पकड़ रहे हैं।

तेजस्वी यादव ने महुआ में जनसभा के दौरान कहा कि पीएम बिहार में कट्टे की बात करते हैं, जबकि गुजरात में वे सेमीकंडक्टर फैक्ट्री, आईटी पार्क की चर्चा करते हैं। जिसकी जैसी सोच, वैसी भावना है।

बिहार से भाजपा सांसद अशोक कुमार यादव ने कहा कि नरेंद्र मोदी और नीतीश कुमार की सरकार सबके लिए काम करती है। फिर चाहे वह हिंदू हो, मुसलमान, दलित, पिछड़ा और अतिपिछड़ा क्यों न हो। अगर हम सबके लिए काम करते हैं तो फिर हमें सबके वोट भी मिलना चाहिए। हमें सबके वोट मिलते भी हैं। जहां मुसलमानों का वोट है, वहां हमें जीरो वोट मिलते हैं।

मैं कहना चाहता हूं कि आपको (मुसलमान) सरकार की विकास योजनाओं का लाभ मिल रहा है, जब मोदी योजनाओं में भेदभाव नहीं करते, फिर आप वोट देने में क्यों करते हैं। आपको विकास योजनाओं को तौबा-तौबा बोल देना चाहिए। हम पर (भाजपा) सांप्रदायिक होने का आरोप लगाया जाता है, लेकिन सांप्रदायिक होकर वोट डालता कौन है?

केंद्रीय मंत्री नित्यानंद राय ने राघोपुर विधानसभा क्षेत्र से राजद उम्मीदवार तेजस्वी यादव के बयान पर कहा, “वे 18 नवंबर को मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ग्रहण करने का सपना देख रहे हैं लेकिन वो 18 नवंबर उनके लिए कभी आएगा ही नहीं क्योंकि बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के तहत 6 नवंबर और 11 नवंबर को बिहार की जनता उनका सूपड़ा साफ कर देगी। बिहार की जनता चाहती है कि यहां विकास हो। बिहार की जनता को प्रधानमंत्री मोदी पर भरोसा है और बिहार के NDA के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर विश्वास है। बिहार की जनता ने बिहार में विकास की गंगा बहती हुई देखी है और ये विकास की धारा और भी तीव्र होगी। इसलिए तेजस्वी यादव चाहें जो भी सपना देख लें या घोषणा कर लें, ये सपना पूरा होने वाला नहीं है।”

PM के कट्टे वाले बयान पर तेजस्वी बोले- जिसकी जैसी सोच, वैसी भावना

पीएम मोदी के ‘कट्टे’ वाले बयान पर तेजस्वी यादव ने भी बयान दिया है। तेजस्वी ने कहा कि जिसकी जैसी सोच है, वैसी ही भावना है। वे वैसे ही कहते हैं और वैसे ही करते हैं। हो सकता है कि NDA में और लोगों को जोड़ने के लिए उन्होंने कट्टा लगाया हो। हमें इस पर कोई टीका-टिप्पणी नहीं करना है। आपने प्रधानमंत्री की भाषा सुनी। आज तक किसी प्रधानमंत्री को ऐसी भाषा में बात करते नहीं सुना।

तेजस्वी ने कहा कि गुजरात में प्रधानमंत्री फैक्ट्री, सेमीकंडक्टर फैक्ट्री, आईटी पार्क की बात करते हैं। यहां कट्टे की बात कर रहे हैं। ये कैसी बात हुई।

जेल गए बाहुबली अनंत सिंह के लिए ललन सिंह मांगेंगे वोट

जदयू नेता और केंद्रीय मंत्री ललन सिंह आज यानी सोमवार को मोकामा में चुनावी सभा करेंगे। वे NDA प्रत्याशी बाहुबली अनंत सिंह के लिए वोट मांगेंगे। अनंत सिंह राजद नेता दुलारचंद मर्डर केस में बेऊर जेल भेजे गए हैं। वहीं,गृहमंत्री की 3 जिलों में चुनावी सभा होगी।

BJP प्रदेशाध्यक्ष बोले- तेजस्वी को दिन में सपने देखने की मनाही नहीं

बिहार भाजपा अध्यक्ष दिलीप जायसवाल ने राजद नेता तेजस्वी यादव के बयान पर कहा, तेजस्वी यादव के जीवन की सबसे बड़ी गलती यही है कि जो फैसला जनता को लेना है यानी मुख्यमंत्री कौन होगा, उसे लेकर वे खुद बयान दे रहे हैं। मतदाता और जनता का फैसला क्या कोई नेता कर सकता है? ये फैसला मतदाताओं को लेना है हालांकि दिन में सपने देखने से किसी को मनाही नहीं है। यदि वे कह रहे हैं कि वे 18 तारीख को मुख्यमंत्री बनने जा रहे हैं तो ऐसा तो नहीं कि तेजस्वी यादव ने EVM में कोई ‘सेटिंग’ कर दी हो? बिहार की जनता अब कानून के राज को पसंद करती है और विकसित बिहार के सपने को पूरा करने के लिए, प्रधानमंत्री मोदी और नीतीश कुमार के संकल्प को पूरा करने के लिए बिहार की जनता फिर NDA की सरकार बनाने जा रही है।”

राजीव रंजन बोले- जनता ने मन बना लिया है नीतीश कुमार फिर जीतेंगे

JDU नेता राजीव रंजन प्रसाद ने कांग्रेस सांसद और लोकसभा नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के बयान पर कहा, “यह तो साफ है कि जब से चुनाव को लेकर दोनों गठबंधनों के बीच जुबानी जंग शुरू हुई, जिसमें हम तो अपनी उपलब्धियों का बखान कर रहे थे और बिहार में नीतीश कुमार के नेतृत्व में सरकार बनेगी यह बता रहे थे लेकिन वहां (महागठबंधन में) कांग्रेस आखिरी दम तक तेजस्वी यादव के चेहरे पर सहमत नहीं थी। कुछ न कुछ ऐसा हुआ कि राजद ने कांग्रेस पर दबाव बनाने का प्रयास किया था। लंबे समय से तेजस्वी यादव की चाहत थी कि वे गठबंधन का चेहरा बन पाएं, वो परिस्थिति उन्होंने दबाव बनाकर हासिल करने में कामयाबी पाई। ये अलग बात है कि बिहार में महागठबंधन का कोई भविष्य नहीं है… जनता ने मन बना लिया है कि 2010 से बेहतर नतीजे NDA के पक्ष में होंगे और नीतीश कुमार फिर मुख्यमंत्री बनेंगे।”
Shashi Kumar Keswani

Editor in Chief, THE INFORMATIVE OBSERVER