TIO नई दिल्ली

रैम एयर टर्बाइन (RAT) सिस्टम विमान के लैंडिंग गियर के थोड़ा पीछे लगाया जाता है, जो इमरजेंसी में हवा से बिजली बनाकर विमान को प्रदान करता है।

नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) ने रविवार को एअर इंडिया को निर्देश दिया है कि जिन बोइंग 787 विमानों में हाल ही में पावर कंडीशनिंग मॉड्यूल (PCM) बदला गया है, उन सभी विमानों के रैम एयर टर्बाइन (RAT) की स्टोवेज (फिटिंग और कंडीशन) की दोबारा जांच की जाए।

DGCA का ये निर्देश एअर इंडिया के दो बोइंग 787 विमानों में हाल में हुई तकनीकी घटनाओं और फेडरेशन ऑफ इंडियन पायलट्स (FIP) के एअर इंडिया के सभी बोइंग 787 ड्रीमलाइनर विमानों को ग्राउंड करने की मांग की पर आया है।

DGCA ने अमेरिकी विमान निर्माता बोइंग से भी ऐसी घटनाओं पर रोक लगाने के लिए उपायों की डिटेल रिपोर्ट मांगी है। इसके अलावा दुनियाभर में बोइंग 787 सीरीज के विमानों में इस तरह के अनकमांडेड RAT डिप्लॉयमेंट की घटनाओं का पूरा डेटा मांगा। साथ ही PCM मॉड्यूल बदलने के बाद दिखी सर्विस डिफिकल्टी रिपोर्ट की भी जानकारी डिमांड की है।

दरअसल, 4 अक्टूबर को अमृतसर-बर्मिंघम फ्लाइट AI-117 में लैंडिंग से ठीक पहले RAT अपने आप खुल गया था। इसके बाद 9 अक्टूबर को वियना से दिल्ली आ रही फ्लाइट AI-154 को ऑटोपायलट सिस्टम फेल होने और तकनीकी खराबियों के चलते दुबई डायवर्ट करना पड़ा था।

Shashi Kumar Keswani

Editor in Chief, THE INFORMATIVE OBSERVER