TIO तेल अवीव/तेहरान/वॉशिंगटन डीसी

ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई रोकने का प्रस्ताव अमेरिकी सीनेट में एक वोट से गिर गया है। गुरुवार को हुई वोटिंग में इसके पक्ष में 49 और विरोध में 50 वोट पड़े। ट्रम्प की पार्टी के एक सांसद डेव मैककॉर्मिक वोटिंग में शामिल नहीं हुए।
अगर यह प्रस्ताव पास हो जाता, तो अमेरिकी राष्ट्रपति को ईरान पर हमलों से पहले संसद की मंजूरी लेना जरूरी हो जाता। यानी राष्ट्रपति खुद यह फैसला नहीं ले सकते थे।
ईरान जंग को लेकर विपक्षी सांसद मांग कर रहे हैं कि ऐसे किसी भी सैन्य अभियान पर अंतिम फैसला संसद ही ले। ताजा घटनाक्रम के बाद इसे सीनेट में लाने के लिए दोबारा कोशिश करनी होगी।
सैन्य कार्रवाई रोकने का विधेयक फिलहाल अमेरिकी सीनेट की विदेश मामलों से जुड़ी कमेटी के पास है।

पिछले 24 घंटे के 5 बड़े अपडेट्स…
1. जंग में पहली बार मिस्र पर हमला: मिस्र के बंदरगाह पर ड्रोन हमले में दो जहाजों में आग लगी। ईरान को इस हमले का जिम्मेदार माना जा रहा है।
2. अमेरिका का 10 ईरानी शहरों पर हमला: अमेरिकी सेना ने ईरान पर बड़े हवाई हमले किए। बंदर अब्बास, किश और क़ेश्म द्वीप में धमाकों की खबर है।
3. ईरान का जवाबी हमला: रिवोल्यूशनरी फोर्स ने कहा कि अमेरिकी हमले के बाद उन्होंने कुवैत और जॉर्डन में अमेरिकी ठिकानों को निशाना बनाया।
4. कुवैत में चीनी कंपनी की बिल्डिंग पर हमला: ईरानी हमले में उत्तरी कुवैत में एक चीनी कंपनी की इमारत पर हमला हुआ, एक कर्मचारी की मौत।
5. रेड सी की सुरक्षा के लिए गठबंधन बना रहा सऊदी: रेड सी (लाल सागर) में जहाजों की सुरक्षा के लिए सऊदी एक अंतरराष्ट्रीय गठबंधन बनाने जा रहा है। अब तक 14 देशों ने इससे जुड़ने में इच्छा जताई है।
कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट
कच्चे तेल की कीमतों में शुक्रवार को गिरावट दर्ज की गई। हालांकि, अल जजीरा के मुताबिक जुलाई महीने में कीमतों में कुल मिलाकर करीब 20% बढ़ोतरी होने का अनुमान है।
ब्रेंट क्रूड 1.2% गिरकर 88 डॉलर प्रति बैरल पर आ गया, जबकि अमेरिकी WTI क्रूड 1.8% टूटकर 82.09 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गया।
अमेरिका-ईरान की जंग क्यों नहीं रुक रही
लेबनान में इजराइल ने रातभर हमले किए
इजराइल ने गुरुवार रात दक्षिणी लेबनान के कई इलाकों में बड़े धमाके किए। मरजायौन जिले में ब्यूफोर्ट कैसल के पास हुए धमाकों से पास के अल-कलाइआ शहर के कई घरों की खिड़कियां टूट गईं और नुकसान हुआ।
लेबनान की सरकारी न्यूज एजेंसी NNA के मुताबिक, इजराइली सेना ने टायर जिले के बाहरी इलाकों में भारी मशीनगनों से फायरिंग की और अल-मंसूरी पर तोपों से भी गोलाबारी की।
ईरान में हर दिन 10 करोड़ घन मीटर प्राकृतिक गैस की कमी की आशंका
ईरान में इस सर्दी हर दिन करीब 10 करोड़ घन मीटर (100 मिलियन क्यूबिक मीटर) प्राकृतिक गैस की कमी हो सकती है। इसकी वजह हालिया हमलों में गैस प्रोसेसिंग प्लांट्स को हुआ नुकसान बताया गया है।
राष्ट्रपति के कार्यकारी उपाध्यक्ष मोहम्मद जाफर कायम-पनाह ने गुरुवार को इसकी जानकारी दी। हालांकि, उन्होंने यह नहीं बताया कि किन गैस संयंत्रों को नुकसान पहुंचा है।
- ईरान दुनिया के सबसे बड़े प्राकृतिक गैस भंडार वाले देशों में शामिल है।
- 2024 में ईरान ने 349 अरब घन मीटर प्राकृतिक गैस का उत्पादन किया था, यानी औसतन लगभग 95 करोड़ घन मीटर प्रतिदिन।
- ऐसे में अगर इस सर्दी 10 करोड़ घन मीटर प्रतिदिन की कमी होती है, तो यह उसके रोजाना उत्पादन का लगभग 10% होगी।
- ईरान में सर्दियों में घरेलू खपत बढ़ने के कारण उसे अक्सर गैस की कमी का सामना करना पड़ता है। ऐसे में हालिया हमलों से यह संकट और गहरा सकता है।
ईरान का दावा- कुवैत में अमेरिकी एयरबेस पर ड्रोन हमला किया
ईरानी सेना ने दावा किया है कि उसने कुवैत के अहमद अल-जाबेर एयरबेस पर मौजूद अमेरिकी सैन्य ठिकानों को ड्रोन से निशाना बनाया है। सेना ने कहा कि यह हमला हाल के अमेरिकी हमलों के जवाब में किया गया।
तस्नीम न्यूज एजेंसी के मुताबिक हमले में लड़ाकू विमानों के हैंगर, सैटेलाइट संचार प्रणाली और सैन्य उपकरणों के गोदामों को निशाना बनाया गया।
बाब अल-मंदेब से 25 मालवाहक जहाज गुजरे
बाब अल-मंदेब स्ट्रेट से गुरुवार को 25 मालवाहक जहाज गुजरे। वहीं, होर्मुज स्ट्रेट में जहाजों की आवाजाही अब भी काफी कम बनी हुई है। होर्मुज से गुरुवार को सिर्फ 2 टैंकरों ने आवाजाही की और दोनों ही खाली थे।
रॉयटर्स के मुताबिक, बाब अल-मंदेब से गुजरने वाले 25 जहाजों में 18 जलमार्ग में दाखिल हुए, जबकि 7 बाहर निकले। इनमें 2 बहुत बड़े क्रूड ऑयल टैंकर (VLCC), 1 सुएजमैक्स टैंकर और 5 अफ्रामैक्स टैंकर भी शामिल थे।
ईरान ने कहा- अमेरिका को नागरिकों की मौत का जवाब देंगे
ईरान के संसद अध्यक्ष मोहम्मद बाघेर गालिबाफ ने कहा है कि केश्म आईलैंड पर नागरिकों की मौत के बाद अमेरिका को इसकी कीमत चुकानी होगी। गालिबाफ ने कहा कि केश्म आईलैंड पर की गई बमबारी में नागरिकों की मौत के लिए पूरी तरह से अमेरिका जिम्मेदार है।
ईरान बोला- होर्मुज बंद रहेगा, अमेरिकी हमलों का आज ही बदला लेंगे
ईरान की रिवोल्यूशनरी गार्ड्स (IRGC) ने कहा है कि होर्मुज स्ट्रेट बंद रहेगा और हमलावर को आज ही सजा दी जाएगी। यह बयान देर रात अमेरिका की ओर से किए गए भारी हवाई हमलों के बाद आया। ईरान के केश्म आईलैंड पर ये हमले अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर ईरान की कथित हमले की कोशिश के जवाब में किए गए थे।







