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महिमा चौधरी बॉलीवुड की जानी-मानी एक्ट्रेस हैं। वह कम उम्र से ही एक्ट्रेस बनने का सपना देखती थीं। इसी सपने को पूरा करने के लिए उन्होंने अपनी पढ़ाई छोड़ दी और मॉडलिंग से करियर की शुरुआत की।
महिमा को पहला एड आमिर खान और ऐश्वर्या राय के साथ मिला। इसके बाद उन्हें कई फिल्मों के ऑफर मिले, लेकिन उन्होंने शुरुआत में ठुकरा दिए। आखिरकार, उन्होंने सुभाष घई की फिल्म परदेस से बॉलीवुड में डेब्यू किया, जो एक बड़ी हिट साबित हुई।
महिमा अपनी प्रोफेशनल लाइफ के साथ-साथ पर्सनल लाइफ को लेकर भी चर्चा में रहीं। उन्होंने साल 2006 में शादी की, लेकिन यह रिश्ता ज्यादा समय तक नहीं चल सका और 2013 में उनका तलाक हो गया।
आज महिमा चौधरी के 52वें जन्मदिन पर जानिए उनकी जिंदगी से जुड़ी कुछ खास बातें…
मॉडलिंग के लिए पढ़ाई छोड़ी, ‘मिस दार्जिलिंग’ का खिताब जीता
महिमा चौधरी का जन्म 13 सितंबर 1973 को पश्चिम बंगाल के दार्जिलिंग में हुआ था। उनके पिता जाट परिवार से थे, जबकि उनकी मां नेपाली थीं। महिमा उनकी इकलौती संतान थीं। महिमा स्पोर्ट्स में बहुत अच्छी थीं। पिता को लगता था कि वो बड़ी होकर स्पोर्ट्स पर्सन या आर्मी में जाएंगी, लेकिन ऐसा कुछ नहीं हुआ।
16-17 साल की उम्र में महिमा का मन फिल्मों में लगने लगा। हाई स्कूल तक की पढ़ाई दार्जिलिंग के कुर्सियांग स्थित डॉव हिल स्कूल से पूरी की। इसके बाद उन्होंने दार्जिलिंग के लोरेटो कॉन्वेंट कॉलेज में ग्रेजुएशन में एडमिशन लिया।
लेकिन 1990 में पढ़ाई बीच में ही छोड़ दी और मॉडलिंग की दुनिया में कदम रख दिया। इसके साथ ही उन्होंने एक स्थानीय सौंदर्य प्रतियोगिता में भाग लिया और ‘मिस दार्जिलिंग’ का खिताब भी जीता। महिमा के इस फैसले से उनके पिता नाराज रहे और उनसे लगभग 1 साल तक बात नहीं की। हालांकि मां ने पूरा सपोर्ट किया।

आमिर खान और ऐश्वर्या राय के साथ एड में आईं नजर
मॉडलिंग के साथ-साथ महिमा ने एड में भी काम पाने की कोशिश शुरू कर दी थी। इसी दौरान उन्हें पेप्सी के एक विज्ञापन में काम करने का मौका मिला, जिसका ऑडिशन दिल्ली में हुआ था। इस विज्ञापन में उनके साथ आमिर खान और ऐश्वर्या राय भी थे, जिन्हें मुंबई से चुना गया था।
यह महिमा का पहला विज्ञापन था, जो साल 1995 में आया था। यह उस समय के सबसे फेमस विज्ञापनों में से एक था और हर क्रिकेट मैच के दौरान इसे दिखाया जाता था। इस एड के बाद महिमा को फिल्मों के ऑफर मिलने लगे, लेकिन उन्होंने तुरंत फिल्मों में कदम नहीं रखा।
उस समय उन्हें खुद पर उतना आत्मविश्वास नहीं था, इसलिए उन्होंने पहले अपने अनुभव और पहचान को बढ़ाने के लिए कई कॉमर्शियल एड किए। महिमा ने 100 से भी ज्यादा विज्ञापनों में काम किया, जिससे उन्हें इंडस्ट्री में अच्छी पहचान मिली।
सुभाष घई की पड़ी नजर, बन गईं परदेस की हीरोइन
एड के बाद महिमा ने वीडियो जॉकी के तौर पर चैनल V के लिए काम किया। वह इस चैनल के लोकप्रिय शो ‘पब्लिक डिमांड’ को बतौर वीजे होस्ट करती थीं। एक ऐसे ही कार्यक्रम के दौरान जब महिमा शो को होस्ट कर रही थीं, फिल्म निर्माता सुभाष घई भी वहां मौजूद थे। उन दिनों वह अपनी अगली फिल्म के लिए एक नए चेहरे की तलाश कर रहे थे, जिसके लिए उन्होंने 3000 से अधिक लड़कियों के ऑडिशन लिए थे।
हालांकि महिमा को देखते ही उनकी तलाश पूरी हो गई। इसके बाद उन्होंने महिमा को फिल्म परदेस का ऑफर दे दिया। यहीं से महिमा ने बॉलीवुड में अपने करियर की शुरुआत की। पहली ही फिल्म में महिमा की एक्टिंग को दर्शकों ने खूब सराहा। वह न सिर्फ रातों-रात स्टार बन गईं, बल्कि उन्हें फिल्मफेयर बेस्ट डेब्यू एक्ट्रेस का अवॉर्ड भी मिला।
सुभाष घई पर लगाया करियर बर्बाद करने का आरोप
महिमा ने शाहरुख खान के अपोजिट फिल्म परदेस से डेब्यू किया था। वहीं, फिल्म की रिलीज के लगभग 23 साल बाद महिमा चौधरी ने डायरेक्टर सुभाष घई पर करियर बर्बाद करने का आरोप लगाया था। बॉलीवुड हंगामा को दिए इंटरव्यू में महिमा ने बताया कि साल 1998 या 1999 में ट्रेड गाइड मैगजीन में सुभाष घई ने उनकी फोटो के साथ विज्ञापन दिया था, जिसमें लिखा था कि महिमा के साथ जो भी काम करना चाहता है उसे सुभाष घई से कॉन्टैक्ट करना होगा।
इस विज्ञापन में दावा किया गया था कि महिमा ने घई के साथ कॉन्ट्रैक्ट किया है। इसलिए बिना इजाजत वह किसी अन्य प्रोड्यूसर या डायरेक्टर के साथ काम नहीं कर सकती हैं। हालांकि महिमा ने इंटरव्यू में बताया था, मैंने कभी सुभाष घई के साथ ऐसा कोई कॉन्ट्रैक्ट नहीं किया था, लेकिन फिर भी उन्होंने मुझे काफी परेशान किया था।
वे मुझे कोर्ट तक ले गए और मेरा पहला शो कैंसिल करवाना चाहते थे। यह सब मेरे लिए बेहद तनावपूर्ण था। उन्होंने सभी प्रोड्यूसर्स को मैसेज भेजा कि कोई भी मेरे साथ काम न करे। उस मुश्किल दौर में मेरे साथ सिर्फ सलमान खान, संजय दत्त, डेविड धवन और राजकुमार संतोषी थे।
महिमा ने यह भी बताया कि राम गोपाल वर्मा ने उन्हें फिल्म सत्या के लिए साइन किया था और उन्होंने साइनिंग अमाउंट भी ले लिया था, लेकिन शूटिंग शुरू होने से दो दिन पहले उन्हें बिना कोई सूचना दिए फिल्म से निकाल दिया गया। यह सब बातें उन्हें प्रेस से पता चलीं कि उनकी जगह उर्मिला मातोंडकर को ले लिया गया है।
रोड एक्सीडेंट से चेहरा बिगड़ा, ग्लास के 67 टुकड़े चेहरे से निकाले गए
1999 में रिलीज हुई फिल्म दिल क्या करे की शूटिंग के दौरान महिमा चौधरी का भयानक रोड एक्सीडेंट हुआ था। यह हादसा उनकी जिंदगी का एक ऐसा मोड़ साबित हुआ, जिसने उन्हें शारीरिक और मानसिक रूप से झकझोर कर रख दिया। पिंकविला से बातचीत में महिमा ने बताया था, मैं प्रकाश झा के साथ अजय देवगन प्रोडक्शन की फिल्म दिल क्या करे की शूटिंग कर रही थीं।
शूटिंग का लास्ट दिन बचा था। मैं होटल से शूटिंग लोकेशन के लिए निकली थीं, तभी गलत डायरेक्शन से आ रहे दूध के टैंकर से लदे ट्रक ने मेरी कार को टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जोरदार थी कि कांच के टुकड़े गोलियों की रफ्तार से उनके चेहरे पर जा लगे।
घटना के तुरंत बाद ही मुझे अस्पताल में भर्ती कराया गया। अस्पताल पहुंचने के कुछ समय बाद सबसे पहली मेरी मां और अजय देवगन पहुंचे थे। मेरी सर्जरी हुई, जिसमें कांच के 67 टुकड़े चेहरे से निकाले गए।
डॉक्टर ने मुझे सलाह दी थी कि मैं शीशे में अपना चेहरा न देखूं। इस हादसे से मैं पूरी तरह से टूट गई थी। मुझे डर सताने लगा था कि इस कारण मेरा करियर खराब हो जाएगा। हालांकि ऐसा हुआ नहीं। खुद को संभाला और वापसी की। इसके बाद न केवल दिल क्या करे की शूटिंग पूरी की, बल्कि इसके बाद धड़कन, बागबान जैसी कई सुपरहिट फिल्मों में भी दमदार अभिनय किया।







