TIO चेन्नई
राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने बुधवार को तमिलनाडु में 9 स्थानों पर तलाशी ली। इस दौरान जांच एजेंसी ने 2019 के तमिलनाडु रामलिंगम हत्या मामले में एक और आरोपी को गिरफ्तार किया। वह प्रतिबंधित पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (पीएफआई) आतंकी संगठन से जुड़ा है।
राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने प्रतिबंधित पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (पीएफआई) आतंकी संगठन से जुड़े 2019 के रामलिंगम हत्याकांड के सिलसिले में तमिलनाडु में नौ जगहों पर छापेमारी की। इस दौरान एक और आरोपी को गिरफ्तार किया गया। गुरुवार को जारी एक आधिकारिक बयान में बताया गया कि एनआईए की टीमों ने बुधवार सुबह राज्य के दो जिलों में इन नौ जगहों पर छापेमारी की, ताकि रामलिंगम की नृशंस हत्या से जुड़े मामले में फरार घोषित अपराधियों का पता लगाया जा सके। इस हत्याकांड का उद्देश्य लोगों में भय और सांप्रदायिक नफरत फैलाना था।
बयान में कहा गया कि छापेमारी के दौरान एनआईए ने कोडईकनाल स्थित अंबुर बिरयानी होटल्स के मालिक इम्थातुल्लाह को 2021 से अपने होटल आउटलेट्स में फरार अपराधियों को शरण देने के आरोप में गिरफ्तार किया। पट्टाली मक्कल काची (पीएमके) पार्टी के कार्यकर्ता रामलिंगम की 5 फरवरी, 2019 को तंजावुर के पाकु विनायकम थोप्पू में कथित तौर पर पीएफआई के सदस्यों और पदाधिकारियों की ओर से हत्या कर दी गई थी।
जांच एजेंसी ने बयान में कहा कि डिंडुगल और तेनकासी जिलों में की गई तलाशी के दौरान आपत्तिजनक दस्तावेज और डिजिटल उपकरण आदि भी जब्त किए गए। इमथातुल्लाह की ओर से कथित रूप से शरण दिए गए तीन घोषित अपराधियों में से दो (जिनकी पहचान अब्दुल मजीद और शाहुल हमीद के रूप में हुई है) को एनआईए ने इस साल 25 जनवरी को गिरफ्तार किया था, जबकि तीसरा घोषित अपराधी मोहम्मद अली जिन्ना अभी भी फरार है।
एनआईए ने मार्च 2019 में तमिलनाडु पुलिस से जांच का जिम्मा संभाला था। उसने अगस्त 2019 में चेन्नई की एक अदालत में 18 आरोपियों के खिलाफ आरोपपत्र दायर किया था। इनमें से छह भगोड़े थे। 2021 में एनआईए ने छह भगोड़ों में से एक को गिरफ्तार किया, जिसकी पहचान रहमान सादिक के रूप में हुई। नवंबर 2024 में एजेंसी ने डिंडीगुल जिले के कोडाईकनाल के पूमबाराई इलाके में अब्दुल मजीद और शाहुल का पता लगाया और एक कथित शरणदाता मोहम्मद अली जिन्ना को गिरफ्तार किया, जिसे मामले में 19वें आरोपी के रूप में नामित किया गया था।
अधिकारियों ने बताया कि इस मामले में एक नामों वाले दो आरोपी मोहम्मद अली जिन्ना शामिल हैं। उनमें से एक को गिरफ्तार कर लिया गया है और दूसरा फरार है। बयान के अनुसार, एनआईए ने अन्य मोहम्मद अली जिन्ना और दो अन्य फरार घोषित अपराधियों बुरहानुद्दीन और नफील हसन के बारे में जानकारी देने वालों के लिए 5-5 लाख रुपये के इनाम की घोषणा की है। ये सभी तंजावुर जिले के हैं और पूर्व में पीएफआई के पदाधिकारी थे।







