TIO नई दिल्ली

उत्तराखंड के रुद्रप्रयाग में लगातार बारिश के कारण अलकनंदा उफान पर है। इसके किनारे बने घर डूब गए हैं। वहीं, केदारनाथ यात्रा के पड़ाव गौरीकुंड में लैंडस्लाइड के बाद रूट ब्लॉक हो गया है। बद्रीनाथ हाईवे पर नंदप्रयाग और भनेरपानी के पास लैंडस्लाइड से रास्ता बंद हो गया था, उसे अब खोल दिया गया है।

मध्य प्रदेश में बारिश का स्ट्रॉन्ग सिस्टम एक्टिव है। इस वजह से कई जिलों में बाढ़ जैसे हालात हैं। राजस्थान के जालोर में गुरुवार को राज्य की सबसे ज्यादा 136mm बरसात दर्ज की गई। भीलवाड़ा में घरों में बारिश का पानी घुस गया, मौके पर पहुंचे भाजपा नेता को भीड़ ने पीट दिया।

हिमाचल प्रदेश में तेज बारिश और लैंडस्लाइड से अब तक 37 लोगों की जान जा चुकी है और करीब ₹400 करोड़ की संपत्ति का नुकसान हुआ है। सबसे ज्यादा असर मंडी जिले में पड़ा है, जहां कई सड़कें बंद हैं और जरूरी सेवाएं ठप हो गई हैं।

ओडिशा में भी बारिश का स्ट्रॉन्ग सिस्टम एक्टिव है। बालासोर जिले में बाढ़ से हालात गंभीर बने हुए हैं। यहां सुबर्णरेखा नदी में आई बाढ़ के कारण 35 गांव अभी भी पानी में डूबे हुए हैं और बाकी इलाकों से कटे हुए हैं।

मौसम विभाग का कहना है कि मानसून इस वक्त पूरी तरह एक्टिव मोड में है। इसलिए महाराष्ट्र-राजस्थान समेत 13 राज्यों में भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है।

Shashi Kumar Keswani

Editor in Chief, THE INFORMATIVE OBSERVER